धारा 11(2) BNS VS धारा 74 IPC: एकांत परिरोध की अवधि

सजा (Punishment)

लागू नहीं (कारावास का नियम)

संज्ञेय (Cognizable)

लागू नहीं

जमानतीय (Bailable)

लागू नहीं

समझौता योग्य (Compoundable

लागू नहीं

विचारणीय न्यायालय (Court)

लागू नहीं

IPC (पुराना कानून)

धारा 74

एकांत परिरोध एक बार में चौदह दिन से अधिक नहीं होगा, और ऐसे परिरोधों के बीच के अंतराल एकांत परिरोध की अवधि से कम नहीं होंगे।

BNS (नया कानून)

धारा 11(2)

एकांत परिरोध एक बार में चौदह दिन से अधिक नहीं होगा, और ऐसे परिरोधों के बीच के अंतराल एकांत परिरोध की अवधि से कम नहीं होंगे।

विशेषज्ञ टिप्पणी (Expert Analysis)

मानसिक स्वास्थ्य की रक्षा के लिए BNS 11(2) भी IPC 74 की तरह यह सुनिश्चित करता है कि किसी भी कैदी को लगातार 14 दिन से ज़्यादा कालकोठरी (एकांत) में न रखा जाए।

तुलना

लगातार एकांत परिरोध पर 14 दिन की रोक यथावत है।

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