धारा 137(2) BNS बनाम धारा 363 IPC: व्यपहरण (Kidnapping) के लिए दंड

सजा (Punishment)

कठोर या सादा

संज्ञेय (Cognizable)

संज्ञेय

जमानतीय (Bailable)

गैर-जमानती

समझौता योग्य (Compoundable

गैर-शमनीय

विचारणीय न्यायालय (Court)

प्रथम श्रेणी मजिस्ट्रेट

IPC (पुराना कानून)

धारा 363

जो कोई किसी व्यक्ति का भारत में से या विधिपूर्ण संरक्षकता में से व्यपहरण (Kidnapping) करेगा… 7 वर्ष की अवधि के कारावास से, और जुर्माने से भी दंडित किया जाएगा।

BNS (नया कानून)

धारा 137(2) दंड

BNS 137(2) Punishment clause: जो कोई किसी व्यक्ति का भारत में से या विधिपूर्ण संरक्षकता में से व्यपहरण करेगा… 7 वर्ष तक के कारावास और जुर्माने से दंडित किया जाएगा।

विशेषज्ञ टिप्पणी (Expert Analysis)

किडनैपिंग की सजा! (Punishment for Kidnapping)। यदि कोई व्यक्ति 'बिना किसी बुरे इरादे के' भी किसी बच्चे (Minor) को उसके माता-पिता के संरक्षण से ले जाता है (मान लीजिए दोनों प्यार करते हैं और लड़का 20 साल का है, लड़की 17 साल की है और वो भाग जाते हैं)। तो लड़के पर लड़की के पिता की FIR पर BNS 137 (पुरानी IPC 363) लगेगी। इस 'सिम्पल किडनैपिंग' में 7 साल तक की गैर-जमानती (Non-Bailable) सजा हो सकती है।

तुलना

Punishment for Kidnapping को 7 वर्ष ही रखा गया है, जो कि गंभीर प्रकृति का है।

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