धारा 228 BNS VS धारा 192 IPC: मिथ्या साक्ष्य गढ़ना (Fabricating false evidence)
सजा (Punishment)
परिभाषा
संज्ञेय (Cognizable)
लागू नहीं
जमानतीय (Bailable)
लागू नहीं
समझौता योग्य (Compoundable
लागू नहीं
विचारणीय न्यायालय (Court)
लागू नहीं
IPC (पुराना कानून)
धारा 192
जो कोई इस आशय से… कि वह न्यायिक कार्यवाही में साक्ष्य (Evidence) में दिखाई दे… किसी पुस्तक/पंजी/इलेक्ट्रॉनिक रिकॉर्ड में कोई मिथ्या प्रविष्टि (False entry) करेगा… वह मिथ्या साक्ष्य गढ़ने का अपराधी कहा जाता है।
BNS (नया कानून)
धारा 228
जो कोई इस आशय से… कि वह न्यायिक कार्यवाही में साक्ष्य में दिखाई दे… किसी पुस्तक/पंजी/इलेक्ट्रॉनिक रिकॉर्ड में कोई मिथ्या प्रविष्टि करेगा… वह मिथ्या साक्ष्य गढ़ने का अपराधी कहा जाता है। (Penalty under 229)
विशेषज्ञ टिप्पणी (Expert Analysis)
फर्जी सबूत (Fake Evidence) बनाना! उदाहरण के लिए, यदि आप किसी को फंसाने के लिए चोरी के गहने जानबूझकर उसके बैग में डाल देते हैं (Planting evidence), या हिसाब की बही (Account book) में कोर्ट को दिखाने के लिए फर्जी एंट्री कर देते हैं, तो यह BNS 228 (IPC 192) के तहत साक्ष्य गढ़ना कहलाता है।
तुलना
सच्चाई को विकृत करने के लिए फर्जी दस्तावेजों या स्थितियों के निर्माण को परिभाषित करता है।