धारा 333(2)-(3) BNS बनाम धारा 454-455 IPC: कारावास या उपहति (Hurt) की तैयारी के साथ गृह-भेदन
सजा (Punishment)
कठोर या सादा
संज्ञेय (Cognizable)
संज्ञेय
जमानतीय (Bailable)
गैर-जमानती
समझौता योग्य (Compoundable
गैर-शमनीय
विचारणीय न्यायालय (Court)
कोई भी मजिस्ट्रेट (454) / प्रथम श्रेणी (455)
IPC (पुराना कानून)
धारा 454-455
454: कारावास से दंडनीय अपराध करने (या चोरी/Theft) के लिए गृह-भेदन… 3 वर्ष; चोरी हो तो 10 वर्ष तक दंडनीय।
455: उपहति/हमले की तैयारी (Preparation for hurt) के साथ गृह-भेदन… 10 वर्ष तक का कारावास + जुर्माना।
BNS (नया कानून)
धारा 333(2), 333(3)
333(2): कारावास से दंडनीय अपराध/चोरी के लिए गृह-भेदन… (3 वर्ष / चोरी तो 10 वर्ष)।
333(3): उपहति आदि की तैयारी के साथ… (10 वर्ष + जुर्माना)।
विशेषज्ञ टिप्पणी (Expert Analysis)
चोरी या मारपीट के इरादे से सेंधमारी! (House Breaking for Theft/Hurt)। अगर चोर सिर्फ ताला नहीं तोड़ता, बल्कि अंदर जाकर 'चोरी' (Theft) भी कर लेता है, तो उसकी सजा सीधे '10 वर्ष' (Ten Years) तक बढ़ जाती है (IPC 454 / BNS 333-2)। इसी तरह अगर वो अपने साथ चाकू या गंडासा लाया था (Preparation for Hurt) कि कोई जागेगा तो उसे मारूंगा, तो उसकी सजा भी 10 वर्ष की गैर-जमानती जेल होती है (IPC 455)।
तुलना
सामान्य चोरी (Theft 379/303) में चोरी की सज़ा 3 साल होती है, परंतु ‘दीवार फांद कर या ताला तोड़कर’ की गई चोरी (Burglary) 10 वर्ष की सज़ा वाला गंभीर अपराध है।