धारा 335 BNS बनाम धारा 461-462 IPC: संपत्ति रखने वाले पात्र (Receptacle) को बेईमानी से तोड़कर खोलना
सजा (Punishment)
कठोर या सादा
संज्ञेय (Cognizable)
संज्ञेय
जमानतीय (Bailable)
गैर-जमानती
समझौता योग्य (Compoundable
गैर-शमनीय (Non-Compoundable)
विचारणीय न्यायालय (Court)
कोई भी मजिस्ट्रेट
IPC (पुराना कानून)
धारा 461-462
461: जो कोई बेईमानी से या रिष्टि (Mischief) के आशय से किसी ऐसे बंद पात्र (Closed receptacle) को तोड़कर खोलेगा, जिसमें कोई संपत्ति हो… 2 वर्ष का कारावास या जुर्माना।
462: वही अपराध यदि संपत्ति को ‘न्यस्त (Entrusted)’ किए गए व्यक्ति (Clerk/Carrier) द्वारा किया जाए… तो 3 वर्ष की सजा।
BNS (नया कानून)
धारा 335(1), 335(2)
335(1): जो कोई… किसी ऐसे बंद पात्र को, जिसमें कोई संपत्ति हो… बेईमानी से तोड़कर खोलेगा… 2 वर्ष तक का कारावास।
335(2): वही अपराध यदि कोई ऐसा पात्र किसी व्यक्ति को अभिरक्षा के लिए न्यस्त किया गया हो… तो 3 वर्ष तक का कारावास।
विशेषज्ञ टिप्पणी (Expert Analysis)
तिजोरी, गल्ला या सूटकेस तोड़ना! (Opening closed Receptacle)। अगर चोर ने अभी तक माल नहीं निकाला है, लेकिन उसने किसी की लोहे की 'तिजोरी (Safe)', दुकान का 'गल्ला', बैंक का लॉकर या फिर कोई 'बंद सूटकेस' (Closed Receptacle) इस नीयत से 'तोड़ा' (Break open) है कि अंदर से माल निकाल सके। तो महज़ तिजोरी 'तोड़ने' का ही अपराध IPC 461 (BNS 335) के तहत 2 साल की गैर-जमानती सज़ा के लायक बन जाता है। अगर गार्ड ही तिजोरी तोड़े (462) तो 3 साल जेल होगी।
तुलना
तिजोरी या लॉकर (Closed Receptacle containing property) को तोड़ना चोरी की दिशा में एक गंभीर कदम है। BNS 335 में 2 वर्ष व 3 वर्ष की सज़ा ठीक IPC 461/462 जैसी ही सुरक्षित रखी गई है।