धारा 8 BNS VS धारा 68-70 IPC: जुर्माना देने पर कारावास का समाप्त होना
सजा (Punishment)
लागू नहीं
संज्ञेय (Cognizable)
लागू नहीं
जमानतीय (Bailable)
लागू नहीं
समझौता योग्य (Compoundable
लागू नहीं
विचारणीय न्यायालय (Court)
लागू नहीं
IPC (पुराना कानून)
धारा 68-70
जुर्माना देने पर कारावास समाप्त हो जाएगा… जुर्माना 6 वर्ष के भीतर या कारावास के दौरान कभी भी वसूला जा सकता है और मृत्यु से संपत्ति दायित्व से मुक्त नहीं होती।
BNS (नया कानून)
धारा 8(4) & 8(5)
जुर्माना देने पर कारावास समाप्त हो जाएगा… जुर्माना 6 वर्ष के भीतर या कारावास के दौरान कभी भी वसूला जा सकता है और मृत्यु से संपत्ति दायित्व से मुक्त नहीं होती।
विशेषज्ञ टिप्पणी (Expert Analysis)
इन धाराओं (IPC 68, 69, 70) को समेकित रूप से BNS की धारा 8(4) और 8(5) में लागू किया गया है। मृत्यु होने पर भी जुर्माने की वसूली व्यक्ति की संपत्ति से की जा सकती है।
तुलना
| IPC 68-70 | BNS 8(4) & 8(5) |
|---|---|
| अलग-अलग धाराएं। | जुर्माने से मौत के बाद भी संपत्ति का दायित्व समेकित किया गया। |