धारा 80 BNS VS धारा 304B IPC: दहेज मृत्यु (Dowry death)
सजा (Punishment)
कठोर या सादा
संज्ञेय (Cognizable)
संज्ञेय
जमानतीय (Bailable)
गैर-जमानती
समझौता योग्य (Compoundable
गैर-शमनीय
विचारणीय न्यायालय (Court)
सेशन कोर्ट
IPC (पुराना कानून)
धारा 304B
(1) जहां किसी स्त्री की मृत्यु जलने या शारीरिक क्षति से कारित की जाती है या उसके विवाह के 7 वर्ष के भीतर (Within 7 years of marriage) असामान्य परिस्थितियों में होती है… और मृत्यु के ‘ठीक पूर्व (Soon before)’ दहेज की मांग के लिए क्रूरता हुई हो… इसे ‘दहेज मृत्यु’ (Dowry death) कहा जाएगा। (2) सजा: न्यूनतम 7 वर्ष, जो आजीवन कारावास तक हो सकेगी।
BNS (नया कानून)
धारा 80
(1) जहां किसी स्त्री की मृत्यु जलने या शारीरिक क्षति से… विवाह के 7 वर्ष के भीतर असामान्य परिस्थितियों में होती है… उसे दहेज मृत्यु कहा जाएगा। (2) सजा: कारावास जिसकी अवधि कम से कम 7 वर्ष होगी किंतु जो आजीवन कारावास तक की हो सकेगी।
विशेषज्ञ टिप्पणी (Expert Analysis)
दहेज हत्या! (Dowry Death)। यदि शादी के 7 साल के भीतर कोई लड़की संदिग्ध हालात में आग से जलकर या फांसी लगाकर मर (Suicide/Murder) जाती है। और यह साबित हो जाए कि मरने से 'ठीक पहले' पति या ससुराल वालों (सास-ससुर) ने दहेज (Dowry) के लिए उसे प्रताड़ित (Cruelty) किया था; तो कानून सीधे तौर पर ससुरालियों को 'कातिल' मान लेता है। BNS 80 (IPC 304B) के तहत इन दोषियों को कम से कम 7 साल और अधिकतम उम्रकैद की सजा होती है।
तुलना
दहेज मृत्यु (Dowry Death) के प्रावधानों में कोई बदलाव नहीं हुआ है। बस अनुभाग 304B की जगह BNS 80 (Chapter V: Offences against Women and Children में) ले ली गई है।