अध्याय 3
CrPC Section 32 in Hindi: शक्तियां प्रदान करने की रीति (नियम, सजा और Bare Act PDF)
New Law Update (2024)
धारा 34 भा.ना.सु.सं.
TRIAL COURT
Punishment
प्रक्रियात्मक / प्रशासनिक
Cognizable?
Bailable?
Compoundable?
Bare Act Text
(1) इस संहिता के अधीन शक्तियां प्रदान करने में, यथास्थिति, उच्च न्यायालय या राज्य सरकार आदेश द्वारा व्यक्तियों को विशिष्टतया नाम से या उनके पदों के आधार पर अथवा अधिकारियों के वर्गों को साधारणतया उनकी पदीय पदाभिधानों से सशक्त कर सकेगी।
(2) ऐसा प्रत्येक आदेश उस तारीख से प्रभावी होगा जिसको वह इस प्रकार सशक्त किए गए व्यक्ति को संसूचित किया जाता है।
Important Sub-Sections Explained
धारा 32(1)
यह उपधारा उन प्राधिकरणों को रेखांकित करती है, अर्थात् उच्च न्यायालय या राज्य सरकार, जो दंड प्रक्रिया संहिता के तहत कानूनी शक्तियां प्रदान करने के लिए जिम्मेदार हैं। यह निर्दिष्ट करती है कि ये शक्तियां व्यक्तियों को नाम से, विशिष्ट पदों के धारकों को, या अधिकारियों के पूरे वर्गों को उनके पदीय पदनामों का उपयोग करके प्रदान की जा सकती हैं।
धारा 32(2)
यह उपधारा स्पष्ट करती है कि शक्तियों को प्रदान करने के लिए जारी किया गया कोई भी आदेश कानूनी रूप से केवल उस तारीख से प्रभावी होता है जिस पर इसे उन शक्तियों को प्राप्त करने वाले व्यक्ति या इकाई को आधिकारिक तौर पर संसूचित किया जाता है, जिससे स्पष्टता और उचित सूचना सुनिश्चित होती है।