धारा 82 BNS बनाम धारा 495 IPC: पूर्व विवाह को छिपाकर (Concealment of former marriage) दूसरा विवाह
शादीशुदा होते हुए खुद को कुंवारा बताकर (Concealing former marriage) दूसरी लड़की से शादी करने (IPC 495 / BNS) पर 10 साल की जेल।
शादीशुदा होते हुए खुद को कुंवारा बताकर (Concealing former marriage) दूसरी लड़की से शादी करने (IPC 495 / BNS) पर 10 साल की जेल।
पहली पत्नी या पति के रहते (बिना तलाक लिए) दूसरी शादी (Bigamy / IPC 494 / BNS 82) करने पर भारत में 7 साल की जेल का कानून।
बाजार में जाली नोट (Fake Currency) छापने, मशीन रखने या नकली नोट चलाने (IPC 489A-D / BNS 342) पर उम्रकैद (Life Imprisonment) की जेल।
फ़र्ज़ी डिग्री, मार्कशीट या जाली दस्तावेज़ (Forged document) का सरकारी जगह पर असली की तरह इस्तेमाल करने (IPC 471) पर कड़ी सजा।
बैंक लोन, वीज़ा या किसी को धोखा देने के लिए फ़र्ज़ी डाक्यूमेंट्स (Forgery for cheating) बनाने पर IPC 468 (BNS 336) में 7 साल जेल।
ज़मीन की फ़र्ज़ी रजिस्ट्री, पावर ऑफ़ अटॉर्नी (POA) या झूठी वसीयत (Fake Will) बनाने पर IPC 467 (BNS 336) में उम्रकैद की सजा है।
फ़र्ज़ी साइन करने या झूठा लेटरहेड छापने (Forgery) पर सजा: IPC 465 (BNS 336) में 2 साल की जेल।
झूठा कागज़, वसीयत या फर्जी साइन (False Document) कैसे माना जाता है? IPC 464 (BNS 336) की कानूनी व्याख्या।
कानून में जालसाज़ी या कूटरचना (Forgery) किसे कहते हैं? फर्जी साइन या दस्तावेज़ बनाने की परिभाषा: IPC 463 और BNS 336।
चोरी की नीयत से किसी की ‘तिजोरी’, गल्ला, लॉकर या सूटकेस (Closed Receptacle) का ताला तोड़ने (IPC 461 / BNS 335) पर 2 से 3 साल की गैर-जमानती जेल।