तत्सम, तद्भव, देशज एवं विदेशी शब्द
1. प्रस्तावना प्रत्येक समृद्ध भाषा की अपनी एक सुव्यवस्थित ध्वनि-व्यवस्था, शब्द-रचना और वाक्य का एक निश्चित संरचनात्मक ढाँचा (Syntactical Structure) […]
1. प्रस्तावना प्रत्येक समृद्ध भाषा की अपनी एक सुव्यवस्थित ध्वनि-व्यवस्था, शब्द-रचना और वाक्य का एक निश्चित संरचनात्मक ढाँचा (Syntactical Structure) […]
1. प्रस्तावना मानव सभ्यता के विकास में ‘भाषा’ का स्थान सर्वोपरि है। हम अपने विचारों का आदान-प्रदान जिस माध्यम से
1. प्रस्तावना मानव जाति के क्रमिक विकास और इतिहास के पन्नों को पलटने पर यह स्पष्ट होता है कि मनुष्य