Aarthik Smiksha 2024-25 Free Mock Test – Part 4
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Aarthik Smiksha 2024-25 Free Mock Test – Part 4
Exam Summary
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Detailed Solutions
पीपीपी परियोजनाओं की चुनौतियों में से एक क्या है?
(ब) भूमि अधिग्रहण की समस्या Explanation: भूमि अधिग्रहण की समस्या व्याख्या : चुनौतियां: 1. भूमि अधिग्रहण की समस्या। (जन विरोध) 2. पर्यावरण विभाग द्वारा पीपीपी परियोजनाओं को महत्व नहीं देना। 3. पीपीपी कॉन्ट्रैक्ट में भ्रष्टाचार 4. निजी कंपनियां केवल अपने लाभ को महत्व देती है। लोक कल्याणकारी कार्य नहीं करती। 5. नागरिकों को लंबे समय तक शुल्क का भुगतान करना पड़ता है। जैसे – टोल टैक्स। 6. न्यायिक हस्तक्षेप के कारण कार्यों में रुकावट।
काउंसिल फॉर इन्फ्रास्ट्रक्चर डवलपमेंट (CID) की अध्यक्षता कौन करता है –
(ब) मुख्यमंत्री Explanation: मुख्यमंत्री व्याख्या : पीपीपी परियोजनाओं के नीतिगत मामलों के निर्णय हेतु मुख्यमंत्री की अध्यक्षता में काउंसिल फॉर इन्फ्रास्ट्रक्चर डवलपमेंट (CID) का गठन किया गया। यह ₹500 करोड़ से अधिक लागत वाली सभी पीपीपी परियोजनाओं को अनुमति प्रदान करती हैं।
पीपीपी सेल का गठन कब किया गया था –
(ब) 2007-08 Explanation: 2007-08 व्याख्या : पीपीपी सेल (नोडल एजेंसी) का गठन 2007-08 में किया गया। आयोजन विभाग के अधीन कार्य करता है। यह सेल पीपीपी से सम्बन्धित कानून, दिशा निर्देशों आदि के संग्राहक के रूप में कार्य करता हैं।
प्रोजेक्ट डवलपमेंट कम्पनी ऑफ राजस्थान (पीडीकोर) का गठन कब हुआ था –
(अ) 1997 Explanation: 1997 व्याख्या : प्रोजेक्ट डवलपमेंट कम्पनी ऑफ राजस्थान (पीडीकोर) का गठन पीपीपी मोड में इंफ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट्स विकसित करने के लिए दिसम्बर 1997 में किया गया।
वायबिलिटी गैप फंडिंग योजना का उद्देश्य क्या है –
(ब) सामाजिक क्षेत्र में पीपीपी को बढ़ावा देना Explanation: सामाजिक क्षेत्र में पीपीपी को बढ़ावा देना व्याख्या : वायबिलिटी गैप फंडिंग योजना 2007 शुरू हुई। उद्देश्य:- सामाजिक क्षेत्र में पीपीपी को बढ़ावा देना। यह एक ऐसा अनुदान होता है, जो सरकार द्वारा ऐसी आधारभूत ढाँचा परियोजनाओं को प्रदान किया जाता है, जो आर्थिक रूप से उचित हो लेकिन उनकी वित्तीय व्यवहार्यता कम हो। (Economically Justified but not Financially Viable) ऐसा अनुदान दीर्घकालीन परिपक्वता अवधि वाली परियोजनाओं को प्रदान किया जाता है।
राजस्थान सड़क क्षेत्र में BOT आधारित परियोजनाओं के लिए नीति तैयार करने वाला देश का पहला राज्य कब बना –
(ब) 2013 Explanation: 2013 व्याख्या : सड़क विकास नीति 2013 : राजस्थान सड़क क्षेत्र में निर्माण- परिचालन- हस्तांतरण (BOT) आधारित परियोजनाओं के लिए निजी क्षेत्र के प्रवेश को प्रशस्त करने की नीति तैयार करने वाला देश का प्रथम राज्य था।
दिसंबर 2024 तक राजस्थान में कितनी पीपीपी परियोजनाएं पूर्ण हो चुकी हैं –
(ब) 198 Explanation: 198 व्याख्या : दिसंबर 2024 तक 198 परियोजनाएं पूर्ण हो चुकी हैं।
राजस्थान एकीकृत स्वच्छ ऊर्जा नीति 2024 का लक्ष्य वर्ष 2030 तक कितनी नवीकरणीय ऊर्जा क्षमता प्राप्त करना है –
(स) 125 गीगावाट Explanation: 125 गीगावाट व्याख्या : दिसंबर 2024 में पेश की गई राजस्थान एकीकृत स्वच्छ ऊर्जा नीति का उद्देश्य वर्ष 2030 तक 125 गीगावाट नवीकरणीय ऊर्जा क्षमता प्राप्त करना है जिसमें 90GW सौर ऊर्जा और 25GW पवन और हाइब्रिड ऊर्जा शामिल है।
शहर की परिभाषा के अनुसार, कितनी प्रतिशत से अधिक आबादी गैर-कृषि कार्यों में संलग्न होनी चाहिए?
(स) 75% Explanation: 75% व्याख्या : शहर: ऐसा कस्बा जिसकी जनसंख्या 5,000 से अधिक हो तथा 75% से अधिक आबादी गैर-कृषि कार्यों में संलग्न हो, शहर कहलाता है।
संयुक्त राष्ट्र सतत् विकास रिपोर्ट 2023 के अनुसार, वर्ष 2050 तक विश्व की शहरी आबादी का अनुमानित हिस्सा कितना होगा –
(ब) 66.66% Explanation: 66.66% व्याख्या : विश्व की आधी से अधिक आबादी शहरों में निवास कर रही है और इसकी हिस्सेदारी वर्ष 2050 तक 66.66% तक होने का अनुमान है। शहरों और महानगरीय क्षेत्रों का वैश्विक सकल घरेलू उत्पाद (GDP) में लगभग 80% योगदान है।
जनगणना 2011 के अनुसार, राजस्थान की शहरी आबादी का प्रतिशत कितना है –
(अ) 24.87% Explanation: 24.87% व्याख्या : जनगणना 2011 के अनुसार राजस्थान की जनसंख्या में शहरी आबादी 24.87% जबकि ग्रामीण आबादी 75.13% है।
राजस्थान में शहरी साक्षरता दर कितनी है?
(अ) 61.4% Explanation: 79.70% व्याख्या : भारत में साक्षरता – 73% राजस्थान में साक्षरता – 66.10% शहरी साक्षरता – 79.70% ग्रामीण साक्षरता – 61.4% पुरुष साक्षरता – 79.20% महिला साक्षरता – 52.10%
राजस्थान में शहरी लिंगानुपात कितना है?
(ब) 914 Explanation: 914 व्याख्या : राजस्थान में लिंगानुपात – 928, शहरी लिंगानुपात – 914 (बढ़ रहा है), ग्रामीण लिंगानुपात – 933 (बढ़ रहा है)
राजस्थान में सर्वाधिक शहरी लिंगानुपात वाला जिला कौन सा है –
(अ) जैसलमेर Explanation: टोंक व्याख्या : सर्वाधिक शहरी लिंगानुपात न्यूनतम शहरी लिंगानुपात क्र. सं. जिला लिंगानुपात जिला लिंगानुपात 1. टोंक 985 जैसलमेर 807 2. बांसवाड़ा 964 धौलपुर 864 3. प्रतापगढ़ 963 अलवर 872 4. डूंगरपुर 951 गंगानगर 878 5. राजसमंद 948 भरतपुर 887
राजस्थान में न्यूनतम शहरी बाल लिंगानुपात वाला जिला कौन सा है?
(अ) नागौर Explanation: धौलपुर व्याख्या : सर्वाधिक शहरी बाल लिंगानुपात न्यूनतम शहरी बाल लिंगानुपात क्र. सं. जिला लिंगानुपात जिला लिंगानुपात 1. नागौर 907 धौलपुर 841 2. बीकानेर 906 गंगानगर 842 3. भीलवाड़ा 904 दौसा 847 4. बारां 901 अलवर 851 5. चुरू 899 भरतपुर 852
राजस्थान में सर्वाधिक शहरी साक्षरता वाला जिला कौन सा है –
(अ) अजमेर Explanation: उदयपुर व्याख्या : सर्वाधिक शहरी साक्षरता न्यूनतम शहरी साक्षरता क्र. सं. जिला साक्षरता प्रतिशत में जिला साक्षरता प्रतिशत में 1. उदयपुर 87.5 नागौर 70.6 2. बांसवाड़ा 85.2 जालौर 71.1 3. प्रतापगढ़ 84.8 चुरू 72.6 4. डूंगरपुर 84.4 धौलपुर 72.7 5. अजमेर 83.9 करौली 72.8
राजस्थान में शहरी क्षेत्रों में 0-6 आयु वर्ग के बच्चों की जनसंख्या कितनी थी (2011 के अनुसार)
(ब) 22.35 लाख Explanation: 22.35 लाख व्याख्या : वर्ष 2011 में शहरी क्षेत्रों में बच्चों की जनसंख्या 22.35 लाख थी, जिसमें 53.37% लड़के और 46.63% लड़कियां थी।
राजस्थान में सबसे अधिक शहरी आबादी वाला जिला कौन सा है –
(अ) जयपुर Explanation: कोटा व्याख्या : सबसे ज्यादा शहरी आबादी वाला जिला:- कोटा (60.31%) सबसे कम शहरी आबादी वाला जिला:- डूंगरपुर (6.39%) शीर्ष शहरीकृत जिलें: कोटा>जयपुर>अजमेर> जोधपुर> बीकानेर सबसे कम शहरीकृत जिलें: जालौर> प्रतापगढ़> बांसवाड़ा> बाड़मेर> डूंगरपुर
राजस्थान में एक लाख से अधिक आबादी वाले कितने शहर हैं –
(स) 30 Explanation: 30 व्याख्या : राजस्थान में 30 ऐसे शहर हैं, जिनकी आबादी 1 लाख से अधिक है। सबसे बड़ा शहर:- जयपुर (30 लाख से अधिक आबादी) सबसे छोटा शहर:- बांसवाड़ा
2011 की जनगणना के अनुसार, राजस्थान में झुग्गी-झोपड़ी में रहने वाली आबादी कुल शहरी आबादी का कितना प्रतिशत है –
(ब) 12.13% Explanation: 12.13% व्याख्या : 2011 की जनगणना के अनुसार राजस्थान में झुग्गियों में रहने वालों की आबादी 20.68 लाख है, जो कुल शहरी आबादी का 12.13% है।
राजस्थान में कितने विकास प्राधिकरण बनाए गए हैं –
(ब) 7 Explanation: 7 व्याख्या : राजस्थान में 7 विकास प्राधिकरण बनाए गए हैं – जयपुर, उदयपुर, जोधपुर, अजमेर, कोटा, भरतपुर, बीकानेर
जयपुर मेट्रो रेल कॉर्पोरेशन के फेज-1बी की शुरुआत कब हुई थी?
(अ) 3 जून 2015 Explanation: 23 सितंबर 2020 व्याख्या : जयपुर मेट्रो रेल कॉर्पोरेशन फेज-1ए (मानसरोवर से चांदपोल तक) 3 जून 2015 से शुरू। फेज-1बी (चांदपोल से बड़ी चौपड़ तक) एशियाई विकास बैंक (ADB) से वित्त पोषित 23 सितंबर 2020 से शुरू। (2.01 किमी लंबाई)
राजस्थान रियल एस्टेट रेग्युलेटरी अथॉरिटी (रेरा) का गठन कब किया गया था –
(अ) 1 मई 2017 Explanation: 6 मार्च 2019 व्याख्या : 1 मई 2017 को राजस्थान सरकार द्वारा राजस्थान रियल एस्टेट (रेग्युलेशन एंड डवलपमेंट) नियम-2017 अधिसूचित किया गया। इन नियमों के तहत आवंटियों, प्रमोटरों और रियल एस्टेट एजेंटों के हितों की रक्षा करते हुए एक स्वस्थ, पारदर्शी, कुशल और प्रतिस्पर्धी रियल एस्टेट सेक्टर के विकास और संवर्धन हेतु राजस्थान सरकार द्वारा 6 मार्च 2019 को राजस्थान रियल एस्टेट रेग्युलेटरी अथॉरिटी (रेरा) एवं रियल एस्टेट अपीलेट ट्रिब्यूनल का गठन किया गया।
राजस्थान आवासन मंडल (RHB) का मुख्य उद्देश्य क्या है –
(स) आर्थिक रूप से पिछड़े वर्ग के लिए वहन योग्य आवास प्रदान करना Explanation: आर्थिक रूप से पिछड़े वर्ग के लिए वहन योग्य आवास प्रदान करना व्याख्या : राजस्थान आवासन मंडल (RHB – Rajasthan housing board) स्थापना: 24 फरवरी 1970 यह एक स्वायत्तशासी निकाय है। उद्देश्य: राज्य में आवास की आवश्यकताओं को पूरा करना। यह समाज के आर्थिक रूप से पिछड़े वर्ग के लिए वहन योग्य लागत पर आवास सुविधा प्रदान करता है।
दीनदयाल अंत्योदय योजना-राष्ट्रीय शहरी आजीविका मिशन (NULM) कितने शहरी निकायों में लागू है –
(ब) 213 Explanation: 213 व्याख्या : दीनदयाल अंत्योदय योजना-राष्ट्रीय शहरी आजीविका मिशन (NULM) राज्य के 213 शहरी निकायों में लागू। शहरी क्षेत्र में क्षमता निर्माण, कौशल प्रशिक्षण के माध्यम से रोजगार और सामाजिक जुड़ाव सुनिश्चित करना। शहरी बेघरों के लिए आश्रय प्रदान करना।
