Jaiv Praudyogiki Free Mock Test – Part 2
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Jaiv Praudyogiki Free Mock Test – Part 2
Exam Summary
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Detailed Solutions
Bt-प्रभेद किसके निर्माण हेतु प्रयुक्त होते हैं?
(ब) जैव-कीटनाशी पादप Explanation: जैव-कीटनाशी पादप
कथन (A) : बलात्कार एवं हमले के मामलों में अपराधियों की पैतृकता एवं पहचान (Paternity and Identity) स्थापित करने में (DNA) फिंगर प्रिंट एक शक्तिशाली उपकरण बन गया है। कारण (R) : (DNA) विश्लेषण के लिए बाल, लार एवं शुष्क वीर्य जैसे लेश साक्ष्य पर्याप्त हैं।
(अ) (A) और (R) दोनों सही हैं तथा (R), (A) का सही कारण है। Explanation: (A) और (R) दोनों सही हैं तथा (R), (A) का सही कारण है।
रिस्ट्रिक्शन एंजाइम्स की खोज किसने की थी –
(अ) वॉर्नर आर्बर, स्मिथ और नाथन Explanation: वॉर्नर आर्बर, स्मिथ और नाथन व्याख्या : रिस्ट्रिक्शन एंजाइम्स की खोज वॉर्नर आर्बर, डैनियल नाथन और हैमिल्टन स्मिथ ने की थी। ये एंजाइम DNA को काटने में उपयोगी होते हैं और जैव प्रौद्योगिकी में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।
मानव-प्रोटीन समृद्ध दूध देने वाली प्रथम ट्रांसजेनिक गाय का नाम था :
(ब) रोजी Explanation: रोजी
निम्नलिखित में से कौन सा ट्रांसजेनिक जीव का नतीजा नहीं है –
(द) पूसा स्वर्णिम (करन राय) Explanation: पूसा स्वर्णिम (करन राय)
जैवप्रोद्योगिकी में GMO का सही पूर्ण रूप क्या है –
(स) जेनेटिकली मोडिफायड आर्गेनिज्म Explanation: जेनेटिकली मोडिफायड आर्गेनिज्म
एक सक्रिय जैवअणु _____ , जिसका प्रयोग अंग प्रतिरोपण में प्रतिरक्षा निरोधक कारक के रूप में रोगियों में किया जाता है, इसका उत्पादन एक कवक से किया जाता है।
(ब) साइक्लोस्पोरिन-ए Explanation: साइक्लोस्पोरिन-ए व्याख्या : साइक्लोस्पोरिन-ए एक प्रतिरक्षा निरोधक (इम्यूनोसप्रेसिव) कारक है, जिसका उपयोग अंग प्रतिरोपण के बाद अंग अस्वीकृति को रोकने के लिए किया जाता है। इसे Trichoderma polysporum नामक कवक से उत्पादित किया जाता है।
निम्न में से किनका भारत में डीएनए फिंगरप्रिंटिंग तकनीकी के विकास में विशेष योगदान रहा है –
(स) डॉ. लालजी सिंह Explanation: डॉ. लालजी सिंह व्याख्या : लालजी सिंह को लोकप्रिय रूप से भारत के DNA फिंगरप्रिंटिंग के जनक के रूप में जाना जाता था। उनका जन्म उत्तर प्रदेश के में हुआ था। उन्होंने 1971 में बनारस हिंदू विश्वविद्यालय से नर और मादा सांपों के बीच गुणसूत्री अंतर का अध्ययन करते हुए PhD की उपाधि प्राप्त की।
विश्व की पहली क्लोन भैंस का जन्म किस देश में हुआ था –
(स) भारत Explanation: भारत व्याख्या : 2009 में National Dairy Research Institute (NDRI) करनाल के वैज्ञानिकों ने “हैंडगाइडेड क्लोनिंग तकनीक” के माध्यम से भैंस के प्रथम क्लोन ‘समरूपा’ और उसके बाद ‘गरिमा’ को विकसित किया था। 2013 में क्लोन भैंस ‘गरिमा II’ ने ‘महिमा’ को जन्म दिया था।
निम्नलिखित में से कौन सा पारजीनी (ट्रांसजेनिक) जंतु को उत्पन्न करने का कारण नहीं है?
(द) कायिक संकर बनाने के लिए Explanation: कायिक संकर बनाने के लिए व्याख्या : पारजीनी जंतु (ट्रांसजेनिक एनिमल) को जैविक उत्पाद प्राप्त करने, जीन की कार्यप्रणाली को समझने और औषधि तथा सुरक्षा परीक्षण के लिए बनाया जाता है। हालांकि, कायिक संकरण (Somatic Hybridization) पौधों में होता है और ट्रांसजेनिक जंतु बनाने का उद्देश्य नहीं है।
डॉली नामक पहली क्लोन भेड़ की मृत्यु ______ में हुई। निम्नलिखित विकल्पों में से सर्वाधिक उपयुक्त उत्तर चुनें:
(द) 2003 Explanation: 2003 व्याख्या : डॉली, पहली क्लोन भेड़, का जन्म 5 जुलाई 1996 को हुआ था और इसकी मृत्यु 14 फरवरी 2003 को हुई थी।
विश्व के पहले क्लोन _______ का नाम ‘इन्जाज (Injaz)’ है।
(अ) ऊँट Explanation: ऊँट व्याख्या : इन्जाज विश्व का पहला क्लोन ऊँट था, जिसे 2009 में संयुक्त अरब अमीरात (यूएई) में क्लोन किया गया। पहली क्लोन भेड़ ‘डॉली’ थी।
आनुवंशिकतः अभियंत्रित इंसुलिन में निम्नलिखित में से किसका उपयोग किया जाता है –
(स) r-DNA Explanation: r-DNA व्याख्या : आनुवंशिकतः अभियंत्रित इंसुलिन का उत्पादन रिकॉम्बिनेंट DNA (r-DNA) तकनीक से होता है, जिसमें इंसुलिन जीन को बैक्टीरिया में डाला जाता है। आनुवंशिक रूप से engineered इंसुलिन, जिसे “ह्यूमुलिन” भी कहा जाता है, एक प्रकार का इंसुलिन है जो आनुवंशिक इंजीनियरिंग तकनीकों का उपयोग करके बनाया जाता है। यह मानव इंसुलिन के समान ही है, लेकिन इसे प्राकृतिक रूप से अग्न्याशय द्वारा उत्पादित करने के बजाय, इसे एक प्रयोगशाला में बनाया जाता है।
सरसों में “श्वेत किट्ट” रोग के प्रति प्रतिरोधक किस्म है
(द) पूसा स्वर्णिम Explanation: पूसा स्वर्णिम व्याख्या : पूसा स्वर्णिम सरसों की एक किस्म है जो श्वेत किट्ट (व्हाइट रस्ट) रोग के प्रति प्रतिरोधी है।
गेहूँ में हिलबंट रोग के प्रति प्रतिरोधक किस्म है
(द) हिमगिरी Explanation: हिमगिरी व्याख्या : हिमगिरी गेहूँ की वह किस्म है जो हिलबंट (Hill Bunt) रोग के प्रति प्रतिरोधक है।
बायोटेक्नोलॉजी की निम्नलिखित घटनाओं को उनके घटित होने के क्रम में व्यवस्थित करें: (A) पॉलीमरेज़ चेन रिएक्शन (B) गोल्डन राइस (C) डॉली भेड़
(ब) (A)→(C)→(B) Explanation: (A)→(C)→(B) व्याख्या : पॉलीमरेज़ चेन रिएक्शन (PCR): 1983 में केरी मुलिस द्वारा आविष्कार, जो डीएनए की तेजी से प्रतिकृति के लिए उपयोगी है। डॉली भेड़: 1996 में स्कॉटलैंड में क्लोन की गई पहली स्तनधारी, जो क्लोनिंग तकनीक का मील का पत्थर थी। गोल्डन राइस: 2000 में विकसित, जो विटामिन A की कमी दूर करने के लिए जेनेटिकली मॉडिफाइड चावल है।
बीटी कपास (MON531) में जेनेटिक इंजीनियरिंग (जीन अभियांत्रिकी) के माध्यम से प्रविष्ट किये गए निम्नलिखित जीनों में से किसे चयनात्मक सूचक (मार्कर) के रूप में उपयोग किया जाता है?
(ब) Cry1Ac Explanation: NPT II व्याख्या : BT कपास MON531 (Monsanto द्वारा विकसित) में Bacillus thuringiensis से Cry1Ac जीन कीट प्रतिरोध के लिए डाला गया, लेकिन NPT II (neomycin phosphotransferase II) जीन को चयनात्मक मार्कर के रूप में उपयोग किया जाता है, जो एंटीबायोटिक (कैनामाइसिन) प्रतिरोध प्रदान करता है और सफल ट्रांसफॉर्मेशन की पहचान करता है।
खाद्य टीकों के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कर सही उत्तर का चयन कीजिए : कथन I : ये ट्रान्सजेनिक जीवाणुओं द्वारा उत्पादित पुनर्योगज प्रोटीन होते हैं। कथन II : ये व्यक्ति को देने में दर्द रहित, कम लागत एवं सुगम संचयन वाले होते हैं।
(द) कथन I गलत है, किन्तु कथन II सही है। Explanation: कथन I गलत है, किन्तु कथन II सही है। व्याख्या : खाद्य टीके (Edible Vaccines) मुख्य रूप से आनुवंशिक रूप से संशोधित ट्रान्सजेनिक पौधों (Transgenic Plants) में उत्पादित होते हैं, न कि जीवाणुओं (bacteria) द्वारा। ये दर्द रहित, सस्ते, आसान भंडारण वाले होते हैं।
